नई दिल्ली // भारतीय सेना ने पहली बार एक महिला न्यायाधीश की नियुक्ति की है। लेफ्टिनेंट कर्नल ज्योति शर्मा को भारतीय सेना की महिला न्यायाधीश एडवोकेट जनरल अधिकारी के रूप में नियुक्ति दी गयी है। वह सैन्य कानूनी विशेषज्ञ के रूप में पूर्वी अफ्रीकी देश सेशेल्स की सरकार को अपनी सेवाएं देंगी।
यह पहला मौका है जब भारतीय सेना में किसी महिला न्यायाधीश को नियुक्त किया गया है। यह एक ऐतिहासिक क्षण है क्योंकि इससे पहले किसी भी महिला को न्यायाधीश के तौर पर भारतीय सेना में नियुक्त नहीं किया गया था। ज्योति शर्मा विदेश से जुडे मामले देखेंगी।
गौरतलब है कि भारत में न्यायाधीश एडवोकेट जनरल अधिकारी का पद सेना के लेफ्टिनेंट को दिया जाता है। ये सेना का न्यायिक प्रमुख होते हैं। भारतीय सेना की न्यायाधीश एडवोकेट जनरल एक अलग शाखा है। इसमें कानूनी रूप से योग्य सेना के अधिकारी शामिल होते है। गौरतलब है कि एडवोकेट जनरल अधिकारी सभी तरह से सेना को कानूनी मदद देते हैं।
Author Profile
Latest entries
बिलासपुर31/03/2026विधायक सुशांत शुक्ला की पहल पर बेलतरा क्षेत्र के निगम के 10 वार्डों में 68 कार्य के लिए 10 करोड़ की मिली स्वीकृति मिली…
Uncategorized31/03/2026131 दिन का धरना, उबलता जनाक्रोश: लिंगियाडीह में ‘छत बचाओ’ संग्राम, निगम पर तानाशाही के आरोप…
बिलासपुर29/03/2026लिंगियाडीह में फूट रहा जन-आक्रोश, 129 दिनों से सड़कों पर ‘मातृशक्ति’… गरीबों के आशियाने पर संकट: क्या ‘सुशासन’ में बेघर होंगे जरूरत मंद ? नगर निगम की कार्रवाई पर उठे सवाल…
Uncategorized27/03/2026“नारायणा स्कूल पर घोटाले के आरोप, अब कोर्ट में होगा फैसला!” एनएसयूआई ने दी न्यायालय जाने की चेतावनी, छात्रों और अभिभावकों को न्याय दिलाने की तैयारी तेज
